चोरी, लू’टपाट में गिरावट का डंका बजाने वाली योगी सरकार के राज में उनके ही नाम के फर्जी दस्तावेज से हो रही धोखाधड़ी

लखनऊ: अक्सर उत्तर प्रदेश की योगी आदित्यनाथ सरकार चोरी लू’टपा’ट और ठगी जैसे मामलों में गिरावट की बात करती आई है। योगी सरकार का यही कहना होता है कि हमने प्रदेश में चोरी, लू’टपा’ट, ड’कैती जैसे मामलों में नकेल कसी है लेकिन हकीकत कुछ और ही है। हाल ही में उत्तर प्रदेश में एक ऐसा मामला सामने आया है जिसमें कुछ लोग मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नाम से ही धोखाखड़ी कर रहे थे।

आपको बता दें उत्तर प्रदेश में आए इस मामले के बाद से पदेश की योगी आदित्यनाथ सरकार पर लगातार सवाल उठ रहे हैं लेकिन पहले मामला क्या है वह जानना बेहद जरूरी है. मामला उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ से जुड़ा हुआ है जहां पर गोमती नगर के चिनहट थाने में अजय यादव नाम के शख्स ने एक एफआईआर दर्ज करवाई है।

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नाम पर भी करते थे ठगी

अजय यादव ने कहा कि उनके साथ 65 लाख रुपए की ठगी हुई है। अजय यादव ने पुलिस को बताया कि उनके पास अब्दुल खालिक और फ़क़ीलजमा नाम के दो शख्स आये थे। और वे अपने को रसद विभाग का सचिव बता रहे थे. यही नहीं दोनों ही शख्स ने अजय यादव को कहा कि वे राशन कार्ड में एंट्री से उन्हें कोई भी टेंडर दिला सकते।

लेकिन पहले उन्हें 65 लाख रूपये देने पड़ेंगे। अजय यादव टेंडर दिलाने के नाम पर इन दोनों के चंगुल में फंस जाते हैं और दोनों को 65 लाख रुपए दे देते हैं लेकिन बाद में उन्हें पता चलता है कि उनके साथ ठगी हुई है जिसके बाद वे पुलिस में शिकायत दर्ज करवाते हैं।

65 लाख की ठगी होने के बाद मामला लखनऊ पुलिस के पास पहुंचता है जिसके बाद जांच शुरु होती है। और कई खुलासे सामने आते हैं जो कि चौंकाने वाले हैं। अजय यादव की शिकायत पर लखनऊ पूर्वी जोन के एडीसीपी सैयद कासिम आब्दी बताते हैं कि शिकायत पर मामला दर्ज कर दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है।

अजय यादव ने शिकायत दर्ज करवाई कि उनके साथ 65 लाख रुपये की धो’खाध’ड़ी हुई है अब पुलिस इस मामले की जांच कर रही है। क्योंकि यह धो’खाध’ड़ी टेंडर दिलाने के नाम पर हुई है।

वही इस मामले पर एडीसीपी ने बताया कि जांच में सामने आया है कि वे दोनों शख्स मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नाम पर ठगी करते थे।
दोनों ही के पास मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नाम से फर्जी दस्तावेज सहित, फर्जी मोहर, सीएम का फर्जी पत्र और एक लैपटॉप भी बरामद हुआ है। यही नहीं इसके अलावा उत्तर प्रदेश के कौशल विकास राज्य मंत्री कपिल देव अग्रवाल के भाई ललित अग्रवाल के खिलाफ भी धोखाधड़ी का मामला सामने आया है।

जिसमें आरोप लगाया गया है कि मंत्री के भाई ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नाम के होर्डिंग लगाई है जिसमें स्वदेशी ब्रांड के फोन की लॉन्चिंग की गई है। जिसके बाद पुलिस ने मामला दर्ज कर पांच लोगों को गिरफ्तार किया है।